खोजें » द्वि / पैन » ग़ैर-कानूनी संबंध » माँ » माँ के साथ अवैध संबंध: गरम बिस्तर की तपन
माँ और बेटे का अवैध और नंगा संबंध
यह कहानी एक माँ और उसके जवान बेटे के बीच की है जो समाज के नियमों को तोड़कर एक-दूसरे की देह के भूखे हैं। दोनों के बीच की वासना अब नियंत्रण से बाहर हो चुकी है।
कल्पना
बेटे ने माँ के चेहरे को पकड़कर उसका मुँह अपने लिंग के पास लाया। माँ ने झुककर उसके लिंग को अपने मुँह में लिया और जोर-जोर से चूसने लगी। उसकी जीभ लिंग के ऊपरी हिस्से पर रगड़ रही थी। माँ की जीभ और मुँह की गर्मी से बेटा लगभग पागल हो रहा था। उसने माँ के बालों को पकड़कर उसे और गहराई तक चूसने के लिए मजबूर किया।
इसके बाद, माँ ने बेटे को पीठ के बल लिटाया और खुद उसके ऊपर बैठ गई। माँ ने अपने पुसी को बेटे के लिंग के ऊपर रखा और धीरे-धीरे नीचे बैठने लगी। जैसे ही लिंग माँ की तंग पुसी के अंदर गया, माँ एक ज़ोरदार चीख के साथ कांप उठी। माँ ने अपने कूल्हों को ज़ोर-ज़ोर से हिलाना शुरू किया, जिससे लिंग माँ की गहराई में धंसता जा रहा था।
बेटे ने माँ की कमर पकड़ ली और उसे ज़ोर-ज़ोर से ऊपर-नीचे थपेड़े मारना शुरू किया। 'हाँ माँ, और ज़ोर से,' बेटा गंदा बोल रहा था। माँ की पुसी से निकलने वाला गीलापन पूरे बिस्तर पर फैल रहा था। माँ के स्तन झूल रहे थे और वह बार-बार अपने बेटे के कानों में गंदी बातें कर रही थी।
चरम सुख करीब था। माँ ने अपने घुटनों पर झुककर बेटे के लिंग को फिर से मुँह में लिया और तेज़ी से चूसने लगी। बेटे ने अपना पूरा कंट्रोल खो दिया और माँ के मुँह के अंदर ही अपना गरम गाढ़ा वीर्य छोड़ दिया। माँ ने सारा वीर्य पी लिया और दोनों पसीने से लथपथ होकर एक-दूसरे से लिपट गए।
प्रश्न
क्या यह कहानी सहमति पर आधारित है?
हाँ, यह पूरी तरह से दो वयस्कों के बीच आपसी सहमति से किया गया यौन संबंध है।
इस कहानी की श्रेणी क्या है?
यह अवैध संबंध और माँ-बेटे के फंतासी श्रेणी के अंतर्गत आती है।